Thursday, 29 October 2026

करवा चौथ का सन 1700 से प्रमाण मिलता है

"कार्तिककृष्णचतुर्थी सा करवा मध्यदेशे प्रसिद्धा।" यह वामोरि नारायण कृत सभाकौमुदी की पाण्डुलिपि है। वामोरि नारायण का काल 17वीं शती है। यह पाण्डुलिपि 1690 शाके यानी 1768 ई. की है। 
मध्यदेश की परिभाषा है- 
हिमवद्बिन्ध्ययोर्मध्यं यः प्राग्विनशनादपि।
प्रत्यगेव प्रयागाच्च मध्यदेशः प्रकीर्त्तितः।।
• उत्तर में: हिमालय पर्वत
• दक्षिण में: विंध्याचल पर्वत श्रृंखला
• पश्चिम में: विनशन (वह स्थान जहाँ सरस्वती नदी लुप्त हुई थी, वर्तमान कुरुक्षेत्र/हरियाणा के पास)
• पूर्व में: प्रयाग (आधुनिक प्रयागराज, उत्तर प्रदेश)

करवा चौथ न तो फिल्मी पर्व है, न पूरे भारत के लिए है। जहाँ की परम्परा है, वहाँ के लोग इसे आस्था के साथ करें।
#करवा #करवा_चौथ

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